शांतिकुंज सहर्ष मना ज्ञान और प्रेम का ...
युगसृजेता-शूरमाओं के अंतस् को छू गया ऋ...
पूर्वोत्तर के विद्यार्थियों ने सीखा ...
विश्वम् पुष्टम् ग्रामे अस्मिन् अनात...
केशरिया उमंगों ने खिलाये तिरंगे के रं...
आदर्श टिहरी ग्राम को मिला शांतिकुंज क...
उपजोन खरगोन में निकलेंगी ...

1 sep 2010
खरगोन (मध्य प्रदेश)
गायत्री शक्तिपीठ खरगोन में १८ जुलाई को उपजोन के वरिष्ठ कायर्कत्ताओं की गोष्ठी हुई । इसमें खरगोन, बड़वानी, झाबुआ, आलीराजपुर, खण्डवा एवं बुरहानपुर के लगभग ३०० परिजनों ने भाग लिया । इसे संबोधित करते हुए डॉ. शंकरलाल पाटीदार ने भोपाल से आरंभ हो रही जन्म...

व्यक्तित्व विकास के लिए सचेत विवेकानंद विद्यालय की अनुकरणीय पहल
संजीवनी साधना शिविर
बाल संस्कार शाला के आचार्यों का शिविर
विद्यार्थियों का व्यक्तित्व परिष्कार शिविर
महाविद्यालयों में आयोजित हुए शिविर
राष्ट्रीय स्तर पर परचम लहराते देव परिवार के होनहार
महाविद्यालय में मूल्यपरक शिक्षा पर सेमीनार
२००० गरीब विद्यार्थियों को कोचिंग दे रहा है गायत्री परिवार
प्रतिभा का अभिनंदन
नैतिक मूल्यों के विकास के लिए समर्पित प्राचार्या का विशेष सम्मान
५ वर्षीया कुमारी अवि की श्रेष्ठ भावनाओं का सम्मान
विद्यार्थी प्रतिभा परिष्कार शिविर
विद्यार्थियों के लिए व्यक्तित्व परिष्कार शिविर
देसंविवि परिवार की उल्लेखनीय सफलता
महाविद्यालयों में विद्या विस्तार
निबंध प्रतियोगिता का आयोजन
सेवा के मानकों पर खरे उतरे विद्यार्थी
बाल निर्माण के सतत प्रयास
हर क्षेत्र में मिल रही है शानदार सफलता
युगऋषि की महानता पर नतमस्तक हुए महापौर
राष्ट्रीय स्तर पर परचम लहराते देव परिवार के होनहार
21-1-2010
हल्दूचौड़ (उत्तराखण्ड)
माँ भगवती विद्या निकेतन गायत्री शक्तिपीठ, हल्दूचौड़ के विद्यार्थियों ने राज्य स्तरीय खेल प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय प्रतियोगिता में अपना स्थान बनाया । राष्ट्रीय योग प्रतियोगिता के लिए विद्यालय की कु. पूजा जोशी एवं चि. हिमांषु नैनवाल का चयन हुआ । इनके अलावा कु. मंजू आर्या, सौरभ नैनवाल, ज्योति बुढ़लाकोटी ने भी उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए समाज का ध्यानाकर्षित किया । पूर्व विधायक श्री हरीश चंद्र दुर्गापाल, ग्राम प्रधान श्रीमती रश्मि दुम्का सहित क्षेत्रीय अनेक गणमान्य एवं पत्रकारों ने इन बच्चों का अभिनंदन किया । राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिता में भागीदारी से पहले चयनित विद्यार्थियों को ऋषिकेष में विशेष प्रशिक्षण दिया गया । इन बच्चों की प्रतिभा को निखारने में प्रधानाचार्या सुश्री भगवती उप्रेती का विशिष्ट योगदान रहा है ।
Last Update : 2010-09-06 08:20:11